मंगलमय हो आपको, आने वाला साल।
स्वस्थ रहे खुशहाल हो, युवा वृद्ध ओ बाल।।
             अपनी पारी खेलकर, बीत गया उन्नीस।
           स्वागत आओ हम करें, आएगा अब बीस।।
केवल तिथियां बदल रही, और नहीं बदलाव।
सूरज चंदा उग रहे ,अपनी-अपनी ठाव।।
                  गलत आदतें त्याग कर, उनमें करें सुधार।
                  तभी नया पन कह सके, वरना सब बेकार।।
दीन दुखी है लोग कुछ, उनको गले लगाए।
खुशियां बांटे कुछ नई, हम मानव बन जाए।।
                        अनजाने में साल भर, अगर हुई हो भूल।
                        बीत गया ते भूलकर ,उसे न  दे हम तूल।।
अनहोनी जब भी घटे, हो जाए बर्बाद।
दुख को कम कर ले भला, कर अपनों को याद।।
सोच रखे उत्तम सभी ,वाणी हो रसदार।
अच्छे कुल की नींव के, हें ये ही आधार।।
नित नित हम आगे बढ़े, परचम दे लहराए।
नाम बढ़ें मां बाप का, सिर ऊंचा हो जाए।।
हर हालत में हम करें, नारी का सम्मान।
नया वर्ष तब सार्थक ,हो इतना तो भान।।
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